शादी की खुशियां मातम में बदलीं, यमुना में नाव पलटने से 6 लोग डूबे

हमीरपुर: उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में बुधवार की शाम खुशियों का माहौल उस वक्त मातम में बदल गया, जब कुरारा क्षेत्र के कुतुबपुर पटिया गांव के पास यमुना नदी में एक नाव अचानक पलट गई। इस हादसे में लापता हुए छह लोगों में से एक महिला और दो बच्चियों समेत तीन के शव गुरुवार को बरामद कर लिए गए हैं, जबकि शेष तीन लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन अब भी जारी है। नाव में कुल नौ लोग सवार थे, जिनमें से तीन किसी तरह अपनी जान बचाने में सफल रहे।

शादी की खुशियों के बीच बड़ा हादसा

जानकारी के अनुसार, कुतुबपुर पटिया गांव निवासी देशराज निषाद के घर शादी समारोह संपन्न हुआ था। बुधवार शाम कुछ रिश्तेदार यमुना नदी के बीच टापू पर खरबूजा खाने के लिए नाव से गए थे। शाम करीब सात बजे जब नाव बीच धारा में पहुंची, तो अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई। हादसे के बाद पारुल, रिंकू और नाव चला रहे विष्णु निषाद तैरकर बाहर निकल आए, लेकिन बाकी लोग तेज बहाव में बह गए। मृतकों की पहचान वृजरानी (35), आकांक्षा (8) और रानी (9) के रूप में हुई है।

एनडीआरएफ और एसडीआरएफ का रेस्क्यू ऑपरेशन

हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक मृगांक शेखर पाठक और जिलाधिकारी अभिषेक गोयल भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने भी घटना पर गहरा शोक जताते हुए राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। फिलहाल नदी में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों की टीमें लापता लोगों की तलाश में जुटी हुई हैं। चित्रकूटधाम मंडल के डीआईजी सुरेश एस ने भी घटनास्थल का दौरा कर बचाव कार्य का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

लापरवाही और नशे की शिकायत

हादसे के कारणों को लेकर स्थानीय ग्रामीणों में भारी रोष है। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों का आरोप है कि नाव चला रहा व्यक्ति शराब के नशे में था। बताया जा रहा है कि नाव चलाने के दौरान वह मोबाइल फोन पर बात कर रहा था, जिससे उसका ध्यान भटक गया और संतुलन बिगड़ने के कारण नाव पलट गई। पुलिस ने इन आरोपों को संज्ञान में लेते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है और हर पहलू पर बारीकी से गौर किया जा रहा है ताकि हादसे की असल वजह सामने आ सके।