दिल्ली: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया के विरोध में विपक्षी दलों द्वारा मंगलवार को दिल्ली में एक बड़ा मार्च निकाला जाना है। इस प्रस्तावित मार्च के मद्देनजर राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। विजय चौक, संसद भवन के आसपास के इलाकों, आकाशवाणी कार्यालय, जंतर-मंतर तथा चुनाव आयोग के मुख्य मुख्यालय के समीप पुलिस बल की भारी तैनाती की गई है। एहतियात के तौर पर कई प्रमुख मार्गों पर मजबूत बैरिकेड भी लगा दिए गए हैं।
मंगलवार की सुबह से ही विजय चौक और उसके आसपास के परिसरों में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी और सुरक्षा बल मुस्तैद नजर आ रहे हैं। पुलिस ने इन क्षेत्रों में आने-जाने वाले प्रत्येक मार्ग पर अपनी पैनी नजर रखनी शुरू कर दी है। संसद के आसपास सुरक्षा घेरा पहले के मुकाबले काफी सख्त कर दिया गया है, ताकि प्रदर्शन के दौरान भीड़ को नियंत्रित करने में किसी प्रकार की कठिनाई न आए।
चुनाव आयोग और जंतर-मंतर के पास भी बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
विपक्षी दलों के इस मार्च को ध्यान में रखते हुए जंतर-मंतर और चुनाव आयोग के दफ्तर के आसपास भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। चुनाव आयोग की ओर जाने वाले प्रमुख रास्तों को बैरिकेडिंग करके बंद या सीमित कर दिया गया है। इसके अलावा आकाशवाणी कार्यालय और रेलवे भवन के पास भी अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है।
विपक्षी दल 'एसआईआर' (SIR) की प्रक्रिया को लेकर लगातार चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं। उनका तर्क है कि मतदाता सूची में संशोधन की इस प्रक्रिया के कारण बड़ी संख्या में आम मतदाताओं के नाम प्रभावित और सूची से बाहर हो सकते हैं। इसी विरोध प्रदर्शन को लेकर विपक्ष ने मंगलवार को मार्च का ऐलान किया है। दूसरी ओर, चुनाव आयोग का यह स्पष्ट कहना है कि मतदाता सूची को समय-समय पर अपडेट करना एक नियमित और अनिवार्य प्रक्रिया है, जिसका मुख्य उद्देश्य डेटाबेस को पूरी तरह त्रुटिहीन और पारदर्शी रखना है।
यातायात (ट्रैफिक) प्रभावित होने की आशंका, जारी की गई एडवाइजरी
इस बड़े मार्च के कारण दिल्ली के कई प्रमुख मार्गों पर यातायात बुरी तरह प्रभावित होने की पूरी आशंका जताई गई है। विशेष रूप से विजय चौक, संसद मार्ग, जंतर-मंतर और चुनाव आयोग के आसपास से गुजरने वाले वाहन चालकों और आम नागरिकों को आवाजाही में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। इसे देखते हुए दिल्ली पुलिस ने एक विस्तृत ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है, जिसमें लोगों से अपील की गई है कि वे इन इलाकों में निकलने से पहले रास्तों की स्थिति की जानकारी अवश्य लें और जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें।
इस संपूर्ण विरोध प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के साथ-साथ सुगम यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए भी पुख्ता तैयारियां की हैं। मंगलवार को मार्च के दौरान जुटने वाली भीड़ और वाहनों के दबाव को देखते हुए आवश्यकतानुसार यातायात के रास्तों में त्वरित परिवर्तन किए जा सकते हैं। दिल्ली के उन सभी संवेदनशील और प्रमुख क्षेत्रों में पुलिस की सतर्क मौजूदगी बढ़ा दी गई है, जहाँ इस प्रदर्शन का सीधा असर पड़ने की संभावना है, ताकि कानून-व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में रहे और आम जनता को असुविधा से बचाया जा सके।

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