October 22, 2026

12 जिलों के 412 बूथों पर होगा मतदान, यूपी एमएलसी चुनाव में 25 उम्मीदवारों की परीक्षा

आगरा। उत्तर प्रदेश के बहुचर्चित आगरा खंड स्नातक और शिक्षक एमएलसी निर्वाचन क्षेत्रों के लिए चल रहा चुनाव प्रचार बुधवार शाम को आधिकारिक तौर पर थम गया है। आगामी शुक्रवार को होने वाले मतदान को पूरी तरह निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और सुगम तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक तैयारियां मुकम्मल कर ली गई हैं। इस बहु-जिला निर्वाचन क्षेत्र के अंतर्गत तीन प्रमुख मंडलों के कुल बारह जिलों के मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे, जिनके लिए 412 मतदान केंद्र और बूथ बनाए गए हैं। इन दो महत्वपूर्ण सीटों के लिए कुल 25 प्रत्याशी चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं, जिन्हें जिताने के लिए मतदान दलों को आज बृहस्पतिवार को रवाना किया जाएगा।

चुनावी सरगर्मी तेज और डोर-टू-डोर जनसंपर्क अभियान

बुधवार शाम पांच बजे चुनावी शोरगुल थमने के बाद अब सभी राजनीतिक दलों और निर्दलीय प्रत्याशियों ने अपनी पूरी ताकत घर-घर संपर्क अभियान (डोर-टू-डोर कैंपेनing) में झोंक दी है। रिटर्निंग अफसर एवं मंडलायुक्त नगेंद्र प्रताप ने चुनाव तैयारियों की अंतिम समीक्षा करते हुए आगरा, अलीगढ़ और कानपुर मंडलों के सभी संबंधित जिलाधिकारियों को मतदान से जुड़ी सभी व्यवस्थाओं को त्रुटिरहित रखने के कड़े निर्देश दिए हैं। प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और मतदान संपन्न होने के बाद मतपेटियों को सुरक्षित तरीके से गंतव्य तक पहुंचाने के लिए निर्धारित प्रोटोकॉल का सफल ट्रायल भी पूरा कर लिया है। सभी जिलों से सील बंद मतपेटियां कड़ी सुरक्षा के बीच आगरा लाई जाएंगी, और आगामी 27 अक्टूबर को शहर के गल्ला मंडी समिति परिसर में बनाए गए मतगणना केंद्र पर मतों की गिनती की जाएगी।

बारह जिलों में फैले विस्तृत निर्वाचन क्षेत्र की रूपरेखा

इस बड़े द्विवार्षिक चुनाव में आगरा, फिरोजाबाद, मथुरा, अलीगढ़, एटा, मैनपुरी, इटावा, फर्रुखाबाद, कासगंज, हाथरस, औरैया और कन्नौज जिलों के योग्य मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग करेंगे। इन दोनों स्नातक और शिक्षक निर्वाचन सीटों के लिए कुल दो लाख इकतीस हजार से अधिक मतदाता पंजीकृत हैं, जो निर्धारित 316 मतदान केंद्रों के 412 बूथों पर जाकर अपना प्रतिनिधि चुनेंगे। इस पूरे विशाल भौगोलिक क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और शांति बनाए रखने के लिए क्षेत्र को जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेट की कड़ी निगरानी में विभाजित किया गया है।

प्रशासनिक व्यवस्था और मंडलायुक्त की विशेष जिम्मेदारी

इतने विस्तृत बहु-जिला निर्वाचन क्षेत्र में सुचारू संचालन सुनिश्चित करने के लिए आगरा के मंडलायुक्त को रिटर्निंग अफसर (आरओ) की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी जाती है। चूंकि यह चुनाव केवल एक जिले तक सीमित न होकर तीन मंडलों के बारह जिलों में फैला हुआ है, इसलिए सभी जिलों के जिलाधिकारियों को सहायक रिटर्निंग अफसर बनाया गया है। मंडलायुक्त कार्यालय से ही नामांकन से लेकर मतगणना तक की पूरी प्रक्रिया का संचालन होता है। प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि चुनाव प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या नियमों का उल्लंघन करने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा और सुरक्षा में चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी।