दो साल की बच्ची के साथ पिता ने किया ऐसा सलूक, सुनकर कांप उठेगी रूह

लुधियाना। पंजाब के लुधियाना शहर से एक नाबालिग लड़की के साथ सालों तक बंधुआ मजदूरी, मानव तस्करी और गंभीर दुर्व्यवहार का एक बेहद हृदयविदारक मामला प्रकाश में आया है। वर्तमान में करीब 16 वर्ष की हो चुकी पीड़िता ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि जब वह महज दो साल की मासूम बच्ची थी, तब उसके पिता ने उसे एक दम्पती के हवाले कर दिया था। इसके बाद के सालों में उसे असहनीय शारीरिक यातनाएं झेलनी पड़ीं और उम्र बढ़ने पर उसे जबरन शारीरिक शोषण का शिकार बनाया गया, जिसके कारण वह गर्भवती भी हो गई। किसी तरह आरोपियों के चंगुल से भागकर वह अपनी मां के पास पहुंची और खुद को सुरक्षित किया। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार नामजद आरोपियों के खिलाफ अपहरण, मानव तस्करी और दुष्कर्म सहित विभिन्न संगीन धाराओं में मुकदमा कायम किया है।

नशेड़ी पिता की करतूत और बचपन से शुरू हुआ जुल्म

पीड़िता के अनुसार, उसके पिता मनोज की दो साल पहले मौत हो चुकी है। वह अत्यधिक नशे के आदी थे, जिससे परेशान होकर पीड़िता की मां बहुत पहले ही उन्हें छोड़कर अपने मायके चली गई थी। पत्नी के जाने के बाद पिता ने अपनी दो वर्षीय दुधमुंही बच्ची को हीरा राम और रेखा नामक दंपती को सौंप दिया। आरोप है कि इस दंपती ने बच्ची को अपने घर में एक बंधुआ मजदूर की तरह रखा। बचपन से ही उसे छोटी-छोटी बातों पर जानवरों की तरह बेरहमी से पीटा जाता था और लगातार प्रताड़ित किया जाता था।

पैसों के लिए सौदा और डरा-धमकाकर शारीरिक शोषण

जैसे ही पीड़िता की उम्र करीब 16 वर्ष हुई, आरोपी दंपती ने मोटी रकम वसूल कर उसे साहिल और मीना नाम के व्यक्तियों को बेच दिया। नया ठिकाना बदलने के बाद भी पीड़िता के दुखों का अंत नहीं हुआ। आरोप है कि साहिल ने उसे जान से मारने का खौफ दिखाकर उसके साथ लगातार जबरन शारीरिक संबंध बनाए। इस प्रताड़ना के चलते पीड़िता गर्भवती हो गई और उसने बाद में एक बच्चे को जन्म दिया। किसी तरह अवसर पाकर पीड़िता वहां से अपनी जान बचाकर भागने में सफल रही और अपनी मां रानी के पास पहुंच गई। पीड़िता का कहना है कि मुख्य आरोपी साहिल और उसके गुर्गे अब भी मां-बेटी का पीछा कर रहे हैं और शिकायत करने पर जान से मारने की धमकियां दे रहे हैं।

जीरो एफआईआर के बाद स्थानीय पुलिस की सख्त कार्रवाई

इस खौफनाक दास्तान से उबरने के बाद पीड़िता ने सबसे पहले दिल्ली में अपनी शिकायत दर्ज कराई थी। दिल्ली पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जीरो एफआईआर दर्ज कर केस की डायरी लुधियाना पुलिस को ट्रांसफर कर दी। अब लुधियाना के थाना जमालपुर की पुलिस ने मुख्य आरोपी साहिल, मीना, हीरा राम और रेखा के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसते हुए संबंधित धाराओं में मामला पंजीकृत कर लिया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि अपराधियों की धरपकड़ के लिए विभिन्न ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है और जल्द ही सभी सलाखों के पीछे होंगे।