क्वाड बैठक में भारत का जोर: जयशंकर ने साझेदारी और रणनीतिक तालमेल पर दिया बल

टोक्यो: 'क्वाड' (Quad) देशों के विदेश मंत्रियों की एक बेहद महत्वपूर्ण बैठक आज आयोजित की गई, जिसमें भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सभी सदस्य देशों के बीच आपसी तालमेल और सहयोग बढ़ाने पर सबसे ज्यादा ज़ोर दिया। इस बैठक में भारत के अलावा अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और जापान के विदेश मंत्री भी शामिल हुए। इस बार बैठक में अमेरिका की तरफ से वहाँ के नए विदेश मंत्री मार्को रूबियो प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। बैठक शुरू होने के बाद विदेश मंत्री जयशंकर ने भारत का पक्ष दुनिया के सामने रखा और अंतरराष्ट्रीय राजनीति में शक्तियों के संतुलन को बनाए रखने की बात कही।

पश्चिम एशिया के तनाव पर जताई चिंता

अपने भाषण के दौरान विदेश मंत्री जयशंकर ने दुनिया के मौजूदा हालातों और सुरक्षा व्यवस्था पर खुलकर बात की। उन्होंने विशेष रूप से पश्चिम एशिया (मिडल ईस्ट) में ईरान और अमेरिका के बीच पिछले 12 हफ्तों से चल रहे भारी सैन्य टकराव की ओर इशारा किया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के इस विवाद की वजह से पूरी दुनिया में अशांति और तनाव का माहौल बन गया है, जो वैश्विक व्यापार और सुरक्षा के लिए बिल्कुल ठीक नहीं है।

मौजूदा दौर में 'क्वाड' की भूमिका अहम

विदेश मंत्री ने ईरान-अमेरिका विवाद से उपजी परिस्थितियों का हवाला देते हुए कहा कि आज के मुश्किल समय में 'क्वाड' समूह की जिम्मेदारी और अहमियत पहले से कहीं ज्यादा बढ़ गई है। उन्होंने रेखांकित किया कि दुनिया में शांति, स्थिरता और समुद्री रास्तों को सुरक्षित रखने के लिए चारों देशों (भारत, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और जापान) को मिलकर काम करना होगा। इस बैठक के बाद माना जा रहा है कि आने वाले समय में ये चारों देश हिंद-प्रशांत क्षेत्र में अपनी सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करेंगे।