दतिया उपचुनाव हार पर BJP का एक्शन, समीक्षा बैठक के बाद जिला कार्यकारिणी भंग

भोपाल: दतिया विधानसभा उपचुनाव में मिली शिकस्त के बाद भारतीय जनता पार्टी में हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री निवास पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह चौहान की मौजूदगी में एक हाईलेवल बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में हार के कारणों की पड़ताल के लिए दो सदस्यीय समिति का गठन किया गया है, जो अपनी विस्तृत रिपोर्ट प्रदेश अध्यक्ष को सौंपेगी। समीक्षा बैठक के तुरंत बाद पार्टी ने दतिया जिला भाजपा कार्यकारिणी को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है।

भीतरघात और संगठन के प्रबंधन पर उठे गंभीर सवाल

दतिया में 6 मंडल और 41 शक्ति केंद्रों के जरिए बूथ स्तर तक की गई मजबूत किलेबंदी के बावजूद मिली हार ने पार्टी नेतृत्व को सोचने पर मजबूर कर दिया है। बैठक के दौरान यह बात सामने आई कि दतिया में भाजपा कार्यकर्ता दो धड़ों में बंटे हुए थे—एक पुराना मूल कार्यकर्ता जो दरकिनार किया गया था और दूसरा पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा का समर्थक वर्ग। प्रत्याशी आशुतोष तिवारी ने बैठक में चुनाव के दौरान वायरल हुए 'आंसू वाले वीडियो' और कथित ऑडियो सबूत के तौर पर प्रस्तुत किए, जिससे भीतरघात की आशंका गहरा गई है।

दोषियों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने इंदौर में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हार चाहे जैसी भी हो, पार्टी इसकी गहराई से समीक्षा करेगी ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने। वहीं प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने स्पष्ट किया है कि अनुशासनहीनता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जांच समिति की रिपोर्ट के आधार पर जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई होगी। दूसरी ओर, कांग्रेस प्रवक्ता प्रवीण धौलपुरिया ने तंज कसते हुए कहा कि यह पार्टी के मूल कार्यकर्ताओं की अनदेखी और जनता की नाराजगी का मिला-जुला नतीजा है।