ट्विशा केस: गिरिबाला पर शिकंजा कसता हुआ, CBI ने तेज की जांच

जबलपुर / भोपाल: अभिनेत्री ट्विशा शर्मा मौत मामले में एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है, जिसके बाद उनकी सास और रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह की कभी भी गिरफ्तारी हो सकती है। आज गुरुवार सुबह 10 बजे केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) की एक विशेष टीम अचानक गिरिबाला सिंह के निवास स्थान पर धमक पड़ी। सीबीआई के आला अधिकारी घर के भीतर मौजूद हैं और आरोपी रिटायर्ड जज से सघन पूछताछ कर रहे हैं।

हाई-टेक कैमरों से पूरे घटनाक्रम की री-क्रिएशन और स्कैनिंग

इस हाई-प्रोफाइल मामले की परतें खोलने के लिए सीबीआई बेहद आधुनिक वैज्ञानिक तरीकों का इस्तेमाल कर रही है। आज की कार्रवाई के दौरान जांच एजेंसी ने पूरे घर में हाई इंटेंसिटी 3D कैमरे इंस्टॉल किए, जिसके जरिए पूरे परिसर की 360 डिग्री डिजिटल रिकॉर्डिंग की गई। इसके साथ ही टीम ने आसपास की अन्य लोकेशंस और इमारतों को भी बारीकी से स्कैन किया है। सीबीआई इस तकनीकी जांच के जरिए यह पुख्ता करना चाहती है कि मुख्य घटनास्थल किसी पड़ोसी मकान की छत, खिड़की या बालकनी से साफ दिखाई देता है या नहीं, ताकि चश्मदीदों और सबूतों की कड़ियों को आपस में जोड़ा जा सके।

हाईकोर्ट ने सख्त टिप्पणी के साथ रद्द की अग्रिम जमानत

इससे पहले बुधवार को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट से रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह को बहुत बड़ा झटका लगा था, जब कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका को सिरे से खारिज कर दिया। हाईकोर्ट ने देर रात इस मामले में एक विस्तृत 17 पन्नों का आदेश जारी किया। अदालत ने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि मामले की संवेदनशीलता, गंभीरता, उपलब्ध सबूतों और वर्तमान जांच की स्थिति को देखते हुए आरोपी पक्ष को किसी भी प्रकार की अग्रिम राहत देना कतई उचित नहीं ठहराया जा सकता।

निचली अदालत के फैसले पर उठाए सवाल, चोटों पर घिरीं सास

हाईकोर्ट ने अपने आदेश में निचली अदालत के पुराने फैसले पर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं। माननीय अदालत के मुताबिक, निचली अदालत ने इस संवेदनशील मामले की केस डायरी और अहम साक्ष्यों का सही तरीके से कानूनी परीक्षण नहीं किया था, जिसके कारण आरोपी को पहले राहत मिल गई थी। कोर्ट ने इस बात को विशेष रूप से रेखांकित किया कि मृतका ट्विशा शर्मा के शरीर पर चोटों के कई गंभीर निशान पाए गए थे, जिनका आरोपी सास और उनका परिवार अब तक कोई भी संतोषजनक या तार्किक जवाब देने में पूरी तरह नाकाम रहा है। इसी वजह से अब गिरिबाला सिंह पर गिरफ्तारी की तलवार लटक गई है।