हिंदू धर्म में शादी, विवाह, मुंडन, गृह प्रवेश आदि जैसे कार्य हमेशा शुभ मुहूर्त देखकर ही किए जाते हैं. खरमास के दौरान गलती से भी कोई मांगलिक कार्य नहीं किया जाता और एक महीने तक इन पर रोक लग जाती है. फिर खरमास खत्म होने के बाद ही मांगलिक कार्यों की शुरुआत होती है. बता दें कि 14 मार्च 2024 को सूर्य ने कुंभ से मीन राशि में प्रवेश किया था जिसके बाद खरमास शुरू हो गया. जो कि 13 अप्रैल 2024 को समाप्त होगा. ऐसे में 13 अप्रैल तक किसी प्रकार का मांगलिक कार्य नहीं किया जाएगा. आइए जानते हैं अप्रैल में शादी-विवाह की शुरुआत कब होगी और इसके लिए कितने शुभ मुहूर्त बन रहे हैं?
अप्रैल 2024 में शादी-विवाह के शुभ मुहूर्त
ज्योतिषाचार्य के अनुसार 13 अप्रैल को खरमास समाप्त होगा और इसके बाद विवाह के मुहूर्त बन रहे हैं. अप्रैल में शादी-विवाह जैसे मांगलिक कार्यों के लिए केवल 10 दिन ही मिलेंगे. बता दें कि 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25, 26 और 28 अप्रैल विवाह के लिए बेहद ही शुभ हैं. यदि आप विवाह के लिए शुभ मुहूर्त तलाश रहे हैं तो किसी पंडित या विद्वान की मदद से इनमें से किसी एक डेट को फाइनल किया जा सकता है.
शुभ मुहूर्त में करना चाहिए विवाह
हिंदू धर्म में विवाह को महत्वपूर्ण संस्कार माना गया है और यह कार्य हमेशा शुभ मुहूर्त में ही करना चाहिए. कहते हैं कि यदि विवाह शुभ मुहूर्त में किया जाए तो उसमें सभी देवी—देवता सम्मिलित होकर अपना आशीर्वाद देते हैं. जिससे दांपत्य जीवन में हमेशा खुशहाली बनी रहती है. वहीं बिना शुभ मुहूर्त में यदि विवाह किया जाए तो जीवन में परेशानियां व बाधाओं का सामना करना पड़ता है.
खरमास में नहीं होते शुभ कार्य
पंचांग के अनुसार 14 मार्च को खरमास लगा था और 13 अप्रैल को समाप्त होगा. खरमास के दौरान शादी, विवाह, मुंडन, गृह प्रवेश जैसे कार्य वर्जित होते हैं. इसलिए इनके लिए खरमास समाप्त होने का इंतजार किया जाता है. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार खरमास में सूर्य देवता की चाल धीमी हो जाती है और ऐसे में यदि शुभ कार्य किए जाएं तो भी परिणाम अशुभ ही मिलता है. इसलिए खरमास में शुभ कार्य नहीं किए जाते. बता दें कि खरमास 30 दिनों तक रहता है और ऐसे में यदि आप कोई नया या शुभ कार्य शुरू करने के बाद सोच रहे हैं तो खरमास के समाप्त होने का इंतजार करें.

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