October 4, 2026

साहिल की मौत मामले में प्रोफेसर से 8 घंटे सवाल-जवाब, आरोपों से किया इनकार

मुंबई। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई स्थित प्रतिष्ठित संस्थान आईआईटी (IIT) बॉम्बे में एक छात्र की आत्महत्या से जुड़े मामले में पुलिस की जांच लगातार तेज होती जा रही है। इस संवेदनशील प्रकरण में मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने संस्थान के एक वरिष्ठ प्रोफेसर से लंबी पूछताछ की है।

क्राइम ब्रांच की लंबी पूछताछ

मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने पिछले महीने कैंपस में हुई छात्र की आत्महत्या के सिलसिले में आईआईटी बॉम्बे के प्रोफेसर सूर्यनारायण डूला से लगभग आठ घंटे तक मैराथन पूछताछ की। अधिकारियों ने इस दौरान घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर गहराई से जानकारी जुटाई।

परीक्षा हॉल की घटना और आत्महत्या

प्राप्त जानकारी के अनुसार, आईआईटी बॉम्बे के बी.टेक द्वितीय वर्ष के 22 वर्षीय छात्र साहिल वाकोडे का शव 18 सितंबर को पवई कैंपस स्थित उनके हॉस्टल के कमरे में फंदे से लटका हुआ मिला था। खास बात यह है कि साहिल ने जिस दिन यह कदम उठाया, उसी दिन परीक्षा हॉल में उन्हें कथित तौर पर मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा गया था।

प्रोफेसर डूला का पक्ष और कार्रवाई

जांच के दौरान प्रोफेसर सूर्यनारायण डूला ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने पुलिस को बताया कि उन्होंने पूरी तरह से संस्थान के नियमों का पालन किया है और छात्र के खिलाफ किसी भी प्रकार की अपमानजनक भाषा या जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल नहीं किया। हालांकि, इस मामले में नाम आने के बाद उन्हें डीन ऑफ स्टूडेंट्स वेलफेयर के पद से हटाकर अनिवार्य छुट्टी पर भेज दिया गया है।

माता-पिता के गंभीर आरोप

मृतक छात्र साहिल के माता-पिता ने प्रोफेसर डूला पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके बेटे के साथ जाति के आधार पर भेदभाव किया गया था। परिजनों ने प्रोफेसर डूला की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। फिलहाल पुलिस उपलब्ध सबूतों, बयानों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर प्रोफेसर के बयानों की सत्यता की पुष्टि करने में जुटी है।