जबलपुर| संस्कारधानी के लार्डगंज थाना इलाके से गुरुवार की देर रात एक हाईप्रोफाइल ड्रामे का मामला सामने आया है, जहाँ यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले एक रसूखदार बाइक सवार युवक और मुस्तैद पुलिसकर्मियों के बीच बीच सड़क पर जमकर तीखी बहस हो गई। मामला बल्देवबाग चौक का है, जहाँ पुलिस विभाग द्वारा चलाए जा रहे विशेष चेकिंग अभियान के दौरान जब एक युवक को रोका गया, तो वह पुलिसकर्मियों से ही उलझ पड़ा। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि सड़क पर सरेआम गाली-गलौज की स्थिति निर्मित हो गई। इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें पुलिसकर्मी युवक को जबरन खींचते हुए और उसके बाल पकड़कर पुलिस वाहन में बैठाकर थाने ले जाते हुए दिखाई दे रहे हैं।
एसपी के निर्देश पर चल रहा था विशेष चेकिंग अभियान, मॉडिफाइड साइलेंसर पर फंसा पेच
घटना के संबंध में मिली विस्तृत जानकारी के अनुसार, जबलपुर पुलिस अधीक्षक (SP) के सख्त निर्देशों के बाद शहर के विभिन्न संवेदनशील चौराहों पर देर रात संदिग्ध वाहनों और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा था। इसी कड़ी में लार्डगंज थाना पुलिस की टीम बल्देवबाग चौक पर मुस्तैद थी। तभी पुलिस ने एक तेज रफ्तार बाइक को रोका, जिसमें नियमों के विरुद्ध मॉडिफाइड साइलेंसर लगा हुआ था। बाइक चला रहे युवक की पहचान 18 वर्षीय भावेश रजक के रूप में हुई है, जो संगम कॉलोनी का निवासी बताया जा रहा है।
साइलेंसर हटाने की बात पर भड़का युवक, बीच सड़क पर जमा हुई भारी भीड़
लार्डगंज थाना प्रभारी नवल आर्य ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि चेकिंग के दौरान जब पुलिस टीम ने युवक की बाइक को रोका और उसे नियमों का हवाला देते हुए तत्काल मॉडिफाइड साइलेंसर हटाने की हिदायत दी, तो युवक भड़क गया। उसने पुलिसकर्मियों की बात मानने के बजाय उनसे बहस करना शुरू कर दिया। कुछ ही मिनटों में यह सामान्य पूछताछ एक बड़े विवाद में बदल गई और दोनों ओर से तीखी नोकझोंक होने लगी। मुख्य चौराहे पर रात के वक्त हुए इस हंगामे को देखकर सड़क से गुजरने वाले राहगीरों की भारी भीड़ मौके पर इकट्ठा हो गई, जिससे कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ।
थाना प्रभारी को दी सीधी चुनौती, बोला– तू जानता नहीं है मुझे मैं कौन हूँ!
प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, जब थाना प्रभारी खुद पुलिस टीम के साथ वाहनों की जांच कर रहे थे, तभी वहां से गुजर रहे भावेश को रोका गया था। खुद को घिरता देख युवक ने कानून का खौफ भूलकर सीधे थाना प्रभारी (TI) की तरफ हाथ उठाते हुए बेहद घमंडी लहजे में कहा, "तू जानता नहीं है मुझे, मैं कौन हूँ और मेरा बैकग्राउंड क्या है!" टीआई को इस तरह खुलेआम चुनौती देने और पुलिसकर्मियों के साथ सरेआम अभद्र व्यवहार करने के बाद माहौल और ज्यादा गरमा गया। इसके बाद पुलिस ने कड़ा रुख अपनाते हुए युवक को काबू में किया और उसे पकड़कर लार्डगंज थाने ले आई।
पटाखे जैसी आवाजें निकाल रही थी बाइक, पिता ने राजनीतिक धौंस दिखाने की कोशिश की लेकिन कटा भारी चालान
थाने लाए जाने के बाद जब पुलिस ने युवक की बाइक को दोबारा स्टार्ट करके जांच की, तो उसमें से तेज पटाखे जैसी कान फोड़ने वाली आवाजें आ रही थीं, जो पूरी तरह से प्रतिबंधित हैं। इसके बाद पुलिस ने युवक के पिता को फोन करके तुरंत थाने आने को कहा। थाने पहुंचे पिता ने शुरू में पुलिस पर दबाव बनाने के उद्देश्य से अपना परिचय एक बड़े राजनीतिक दल के सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में दिया। हालांकि, जब पुलिस ने उन्हें कानून का पाठ पढ़ाया और घटना का पूरा सच सामने रखा, तो उन्होंने भी माना कि उनके बेटे ने बड़ी गलती की है। इसके बाद पुलिस ने सख्त रुख बरकरार रखते हुए मोटर वाहन अधिनियम (MV Act) के तहत नियमों की धज्जियां उड़ाने पर 5500 रुपए का भारी-भरकम समन शुल्क (चालान) काटा। पुलिस प्रशासन का कहना है कि शहर की शांति व्यवस्था भंग करने वाले और मॉडिफाइड साइलेंसर का उपयोग करने वालों के खिलाफ यह सख्त अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

More Stories
पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय को मिला नया नेतृत्व, डॉ. राखी वैश्य ने संभाली जिम्मेदारी
नर्मदा में बेखौफ रेत माफिया! NGT के आदेश हवा में, बाढ़ के बाद सामने आया सच
मेडिकल यूनिवर्सिटी के बंटवारे पर विधायक लखन घनघोरिया का सरकार पर निशाना