फ्लोरिडा। अमेरिका के मध्यावधि चुनावों में भारतीय मूल की डेमोक्रेटिक उम्मीदवार पिया डंडिया ने ऐतिहासिक विजय प्राप्त की है। उन्होंने फ्लोरिडा के 22वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से रिपब्लिकन उम्मीदवार केसी असकर को पराजित किया है। इस विजय के साथ ही पिया फ्लोरिडा राज्य से अमेरिकी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स के लिए चुनी जाने वाली पहली भारतीय-अमेरिकी बन गई हैं। इसके साथ ही वह अमेरिकी संसद (कांग्रेस) में पहुंचने वाली 10वीं भारतीय-अमेरिकी प्रतिनिधि भी बनी हैं।
शिक्षक से लेकर व्हाइट हाउस फेलो तक का सफर
पाम बीच काउंटी में भारतीय मूल के माता-पिता के घर पली-बढ़ीं पिया डंडिया का सार्वजनिक जीवन शिक्षा और जनसेवा से जुड़ा रहा है। उन्होंने अपने पेशेवर करियर की शुरुआत एक शिक्षिका के रूप में की थी और आगे चलकर न्यू यॉर्क के हार्लेम स्थित एक हाई स्कूल में प्रिंसिपल के रूप में जिम्मेदारी निभाई। इसके अतिरिक्त, वे प्रतिष्ठित व्हाइट हाउस फेलो भी रह चुकी हैं और दिग्गज प्रौद्योगिकी कंपनी एप्पल के साथ काम कर चुकी हैं। अपने चुनाव अभियान के दौरान उन्होंने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, जीवन यापन की लागत में कमी और सभी वर्गों के लिए आर्थिक अवसरों के विस्तार को प्रमुखता से उठाया, जिसे दक्षिण फ्लोरिडा के मतदाताओं का भरपूर समर्थन मिला।
रीडिस्ट्रिक्टिंग के बाद बनी सीट पर मिली सफलता
पिया डंडिया फ्लोरिडा के नवनिर्मित 22वें कांग्रेसनल क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करेंगी, जिसमें पाम बीच, ब्रोवार्ड, हेनरी और कोलियर काउंटी के हिस्से शामिल हैं। ध्यान देने योग्य है कि मध्यावधि चुनाव से पूर्व फ्लोरिडा के गवर्नर रॉन डेसेंटिस के कार्यकाल के दौरान परिसीमन (रीडिस्ट्रिक्टिंग) की प्रक्रिया के तहत इस संसदीय सीट की सीमाओं को पुनर्गठित किया गया था। अधिकांश विश्लेषक इसे रिपब्लिकन पार्टी के प्रभाव वाली सीट मान रहे थे, लेकिन पिया डंडिया ने स्थानीय और आर्थिक मुद्दों पर ध्यान केंद्रित कर इस सीट पर जीत दर्ज की।
वर्जीनिया और मैरीलैंड में भी भारतीय-अमेरिकियों की जीत
अमेरिका के अन्य राज्यों में भी भारतीय-अमेरिकी नेताओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। वर्जीनिया के 10वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से डेमोक्रेटिक नेता सुहास सुब्रमण्यम ने शानदार जीत हासिल कर अपनी सीट बरकरार रखी। उन्होंने रिपब्लिकन प्रतिद्वंद्वी डेव टी. बेकविथ को बड़े मतों के अंतर से पराजित किया।
वहीं, मैरीलैंड राज्य में अरुणा मिलर ने लेफ्टिनेंट गवर्नर का पद दोबारा सुरक्षित कर लिया है। डेमोक्रेटिक गवर्नर वेस मूर के साथ चुनाव लड़ते हुए मिलर ने रिपब्लिकन उम्मीदवार रॉब क्रुटेनडेन और डैन कॉक्स की जोड़ी को मात दी। इसके साथ ही अमेरिकी राज्यों में शीर्ष कार्यकारी पदों पर भारतीय-अमेरिकी नेतृत्व की मौजूदगी बनी रहेगी।

More Stories
अमेरिका में विवेक रामास्वामी की चुनावी हार, ओहायो में एमी एक्टन बनीं विजेता
जॉर्जिया को मिली पहली अश्वेत महिला गवर्नर, कीशा लांस बॉटम्स के नाम ऐतिहासिक उपलब्धि
डेमोक्रेट्स की बढ़त से ट्रंप को झटका, हार के बाद आया पहला रिएक्शन