नई दिल्ली: नीट पेपर लीक और प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने इस बार अपना जन्मदिन न मनाने का निर्णय लिया है। राज्यसभा में विपक्ष के नेता खरगे ने सोशल मीडिया पर स्पष्ट किया कि शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक आंदोलन पर लाठियां और आंसू गैस चलाना किसी भी लोकतांत्रिक देश के लिए शोभा नहीं देता, इसलिए आज जश्न मनाने का नहीं बल्कि सरकार से जवाबदेही मांगने का दिन है।
खरगे का सरकार से तीखा सवाल और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
कांग्रेस अध्यक्ष ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए सवाल उठाया कि इंसाफ की गुहार लगा रहे युवाओं पर बल प्रयोग क्यों किया गया और संसद क्षेत्र के आसपास इंटरनेट सेवाएं क्यों ठप्प की गईं? उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक आधार पर इस्तीफे की मांग की। खरगे ने परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार करते हुए इसे राजनीतिक और आरएसएस (RSS) के हस्तक्षेप से पूरी तरह मुक्त एक सुरक्षित डिजिटल ढांचा बनाने पर जोर दिया।
'इंडिया' गठबंधन की रणनीति और पीएम मोदी का पलटवार
संसद के मानसून सत्र में सरकार को घेरने के लिए मंगलवार सुबह 'इंडिया' गठबंधन के शीर्ष नेताओं की एक महत्वपूर्ण रणनीतिक बैठक हुई। राहुल गांधी सहित सपा, वाम दलों और शिवसेना के प्रमुख नेताओं ने लोकसभा अध्यक्ष से मुलाकात कर इस मुद्दे को सत्र में मजबूती से उठाने की रूपरेखा तैयार की। दूसरी ओर, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सरकार का पक्ष रखते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एनडीए की बैठक में साफ कहा है कि सरकार अभ्यर्थियों के साथ खड़ी है और पेपर लीक जैसे गंभीर विषय पर राजनीति करने के बजाय दोषियों पर कठोरतम कार्रवाई की जाएगी।

More Stories
राहुल गांधी के समर्थन में कांग्रेस का प्रदर्शन, प्रधानमंत्री के इस्तीफे की उठी मांग
‘अलग-अलग मजहबी तौल कांटा नहीं चलेगा’, UCC पर सीएम यादव का बड़ा बयान
CJP मार्च के घायलों से अस्पताल पहुंचे राहुल गांधी, सरकार पर साधा निशाना