October 26, 2026

वनरक्षक भर्ती परीक्षा में डमी कैंडिडेट का खेल, दो आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़े

जयपुर। राजस्थान में सरकारी नौकरियों की भर्ती परीक्षाओं में धांधली का एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। वनरक्षक सीधी भर्ती परीक्षा-2020 में मूल अभ्यर्थी की जगह डमी कैंडिडेट को बैठाकर परीक्षा पास कराने के मामले में स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप (SOG) ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि यह पूरा सौदा पाँच लाख रुपये में तय हुआ था, जिसके तहत डमी अभ्यर्थी ने परीक्षा केंद्र में पहुंचकर फर्जी हस्ताक्षर और फोटो के जरिए परीक्षा दी थी।

पाँच लाख रुपये में तय हुआ था सौदा

SOG के अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस विशाल बंसल के अनुसार, राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड द्वारा आयोजित वनरक्षक भर्ती परीक्षा-2020 में हुई गड़बड़ी की जांच के सिलसिले में भरतपुर के भारत मीणा और जालोर के दिनेश कुमार विश्नोई को गिरफ्तार किया गया है। जांच में खुलासा हुआ कि भरतपुर के भुसावर थाना क्षेत्र के निठार निवासी भारत मीणा ने नौकरी पाने के लिए दलाल डालूराम मीणा से संपर्क किया था। इसके बाद पाँच लाख रुपये में डमी अभ्यर्थी बैठाने का सौदा तय हुआ और भारत मीणा की जगह दिनेश कुमार विश्नोई ने परीक्षा दी।

फर्जी हस्ताक्षर और फोटो से किया गया फर्जीवाड़ा

SOG की पूछताछ और तकनीकी जांच में पता चला कि जालोर जिले के सांचौर क्षेत्र निवासी दिनेश कुमार विश्नोई ने परीक्षा केंद्र पर पहुंचकर मूल अभ्यर्थी भारत मीणा के स्थान पर परीक्षा दी। आरोप है कि उसने प्रवेश पत्र और उपस्थिति पत्रक पर अपना फोटो लगाने के साथ-साथ भारत मीणा के फर्जी हस्ताक्षर भी किए, ताकि किसी को शक न हो सके।

SOG खंगाल रही गिरोह के अन्य तार

इस मामले में SOG थाना जयपुर में 26 सितंबर 2025 को मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस धोखाधड़ी, जालसाजी, आपराधिक साजिश और राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम के तहत मामले की गहराई से जांच कर रही है। उच्च अधिकारियों के मार्गदर्शन में गठित विशेष टीम इस पूरे रैकेट से जुड़े अन्य लोगों और दलालों की तलाश में जुटी हुई है।