October 20, 2026

बाराबंकी में कोबरा सांप से जुड़ी घटना में पिता-पुत्र की मौत, अस्पताल भी नहीं पहुंच पाए

बाराबंकी। सतरिख थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम मुनक्की पुरवा में घटी एक अत्यंत ह्रदयविदारक घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। ईंट-भट्ठे पर मेहनत-मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करने वाले पिता और पुत्र दोनों की जहरीले कोबरा सांप के काटने से दुखद मृत्यु हो गई। इस अप्रिय और दर्दनाक हादसे के बाद से ही पूरे गांव में गहरा शोक छा गया है तथा स्वजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

मजदूरी के दौरान मिला जहरीला सांप

प्राप्त जानकारी के मुताबिक मुनक्की पुरवा निवासी साठ वर्षीय महेश और उनका बाईस साल का बेटा सोमवार के दिन छात्रपालन गांव में स्थित एक ईंट-भट्ठे पर मजदूरी का कार्य कर रहे थे। शाम लगभग चार बजे के आसपास भट्ठे के समीप अचानक एक खतरनाक कोबरा सांप निकल आया। बताया जा रहा है कि पिता और पुत्र ने साहस दिखाते हुए उस जहरीले सांप को किसी तरह पकड़ लिया।

देवी पंडाल में सर्प प्रदर्शन के दौरान हुआ हादसा

सांप को पकड़ने के पश्चात दोनों उसे लेकर जयपुर थाना क्षेत्र के जरहरा गांव में स्थापित माता रानी के भक्ति पंडाल पहुंचे, जहां उस समय सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन चल रहा था। वहां मौजूद लोगों का कहना है कि दोनों पिता-पुत्र एकत्र भीड़ के सामने सांप का प्रदर्शन करने लगे। इसी बीच अचानक सांप ने आपा खोते हुए सबसे पहले बेटे को डस लिया। जब पिता महेश ने अपने पुत्र को बचाने का प्रयास किया, तो सांप ने उन्हें भी डसकर लहूलुहान कर दिया।

इलाज के लिए ले जाते समय दोनों ने तोड़ा दम

घटना घटते ही वहां मौजूद स्वजन और ग्रामीण तुरंत दोनों को उपचार के लिए बाराबंकी जिला चिकित्सालय लेकर पहुंचे। अस्पताल पहुंचते ही चिकित्सकों ने परीक्षण के उपरांत पिता महेश को मृत घोषित कर दिया। वहीं, बेटे की नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे तत्काल लखनऊ के ट्रामा सेंटर के लिए रेफर कर दिया, परंतु किस्मत को कुछ और ही मंजूर था और रास्ते में ही उसने भी दम तोड़ दिया। एक साथ घर के दो चिरागों के बुझ जाने से पीड़ित परिवार पर दुखों का भारी पहाड़ टूट पड़ा है।