रांची। ईडी समन अवहेलना मामले में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई तेज हो गई है। रांची स्थित एमपी-एमएलए कोर्ट ने उन्हें 12 दिसंबर को अदालत में पेश होने का अंतिम अवसर दिया है। हाईकोर्ट से मिली अंतरिम राहत 25 नवंबर को समाप्त होने के बाद कोर्ट ने अगली तारीख तय की और स्पष्ट कहा कि यदि उस दिन भी वे उपस्थित नहीं होते हैं, तो मामले के अनुरूप आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इससे पहले 23 नवंबर को एमपी-एमएलए कोर्ट ने हेमंत सोरेन की व्यक्तिगत उपस्थिति से छूट की अर्जी खारिज कर दी थी। इसके बाद उन्होंने फैसले को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की, जिसमें केस रद्द करने और व्यक्तिगत पेशी पर रोक लगाने की मांग की गई थी। हाईकोर्ट ने उन्हें अस्थायी राहत दी थी, लेकिन यह राहत अब समाप्त हो चुकी है।
जमीन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) हेमंत सोरेन को कई बार समन भेज चुका है। इसके बावजूद वे अभी तक पूछताछ के लिए उपस्थित नहीं हुए, जिससे एजेंसी ने इसे समन की अवहेलना मानते हुए कोर्ट का रुख किया। ईडी की जांच जमीन खरीद-बिक्री और कथित अनियमितताओं पर केंद्रित है।
अब 12 दिसंबर की तारीख इस पूरे मामले में निर्णायक मानी जा रही है। अदालत की अगली सुनवाई और मुख्यमंत्री की उपस्थिति पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।

More Stories
RPSC स्कूल लेक्चरर भर्ती 2022 पर सवाल, फाइनल आंसर-की में बदलाव के आरोप
राजस्थान में छात्रों का आंदोलन तेज, धर्मेंद्र प्रधान के बाद अब इस मंत्री के इस्तीफे की मांग
मां-बाप की आंखों के सामने उजड़ा परिवार, पिछोला झील में डूबने से बच्ची की मौत