न्यूयॉर्क। संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) की वार्षिक बैठक के 81वें सत्र में हिस्सा लेने के लिए ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची एक उच्चस्तरीय राजनयिक प्रतिनिधिमंडल के साथ न्यूयॉर्क पहुंच चुके हैं। ईरानी विदेश मंत्रालय के अनुसार, अराघची इस वैश्विक शिखर सम्मेलन के दौरान अंतरराष्ट्रीय मंच पर ईरान का आधिकारिक पक्ष मजबूती से रखेंगे। इस दौरे की जानकारी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाघेई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से साझा की है।
यूएन सत्र का एजेंडा और कूटनीतिक बैठकें
प्रवक्ता इस्माइल बाघेई के मुताबिक, ईरानी विदेश मंत्री न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में आयोजित होने वाली विभिन्न बैठकों और चर्चाओं में सक्रिय रूप से भाग लेंगे। महासभा के एजेंडे के तहत होने वाली चर्चाओं के अलावा, अराघची इस सम्मेलन में शामिल होने वाले विभिन्न देशों के राष्ट्राध्यक्षों, वरिष्ठ अधिकारियों और विदेशी समकक्षों के साथ द्विपक्षीय बातचीत और विचार-विमर्श भी करेंगे। संयुक्त राष्ट्र महासभा का यह 81वां सालाना सत्र मंगलवार से राष्ट्राध्यक्षों के आधिकारिक भाषणों के साथ शुरू हो रहा है, जिसका इस वर्ष का मुख्य संदेश 'रीबिल्डिंग ट्रस्ट' यानी आपसी भरोसा फिर से कायम करना रखा गया है।
अमेरिकी वीजा पाबंदियां और ईरानी राष्ट्रपति का दौरा
एक तरफ जहां कूटनीतिक गतिविधियां तेज हैं, वहीं अमेरिका और ईरान के बीच तनाव भी गहराता दिख रहा है। सोमवार को सामने आई मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक में शामिल होने आ रहे ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन की कम्युनिकेशन टीम को अमेरिका ने वीजा देने से साफ इनकार कर दिया है। हालांकि, अमेरिका ने ईरानी डेलिगेशन को संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय आने की अनुमति तो दी है, लेकिन पिछले साल की भांति इस बार भी कई सख्त पाबंदियां लगाई गई हैं। अमेरिकी नियमों के तहत ईरानी प्रतिनिधिमंडल को लक्जरी सामान या अन्य प्रतिबंधित वस्तुएं खरीदने की अनुमति नहीं होगी। ईरानी राष्ट्रपति कार्यालय के प्रवक्ता ने स्पष्ट किया है कि राष्ट्रपति पेजेश्कियन मंगलवार को न्यूयॉर्क के लिए रवाना होंगे और निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार बुधवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा को संबोधित करेंगे।

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