पेपर लीक विवाद के बीच राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस, जानिए किन मुद्दों पर होगी चर्चा

नई दिल्ली: देश की राजधानी नई दिल्ली में नीट (NEET) पेपर लीक और विभिन्न ज्वलंत मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर लगातार हमलावर रुख अपनाए हुए कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी कुछ ही देर में एक विशेष प्रेस वार्ता को संबोधित करने वाले हैं। एक तरफ जहां देश के विभिन्न हिस्सों में लाखों छात्र निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर सड़कों पर उतर आए हैं, वहीं दूसरी तरफ प्रमुख विपक्षी दल भी सरकार को घेरते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की पुरजोर मांग कर रहे हैं।

सोशल मीडिया पर कांग्रेस ने साझा किया वीडियो

इस महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस से ठीक पहले मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पार्टी के आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) हैंडल पर एक नया वीडियो जारी किया गया है।

  • इस वीडियो में कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा नीट पेपर लीक सहित कई अन्य गंभीर मुद्दों पर अपनी बात रखते हुए केंद्र सरकार पर तीखे प्रहार किए गए हैं।

  • कांग्रेस पार्टी द्वारा इस पोस्ट का शीर्षक 'छात्रों के साथ, हम हमेशा खड़े थे, हैं और रहेंगे' दिया गया है, जो युवाओं के समर्थन में उनके रुख को स्पष्ट करता है।

राहुल गांधी के तीखे आरोप और पीएम मोदी पर तंज

इससे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बेहद तीखा हमला बोला है।

  • उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि वह आंदोलनरत छात्रों की आवाज को कुचलने और दबाने के लिए मेट्रो सेवाएं, रास्ते, सड़कें, दुकानें और यहां तक कि इंटरनेट सेवाएं तक बंद कर सकती है, लेकिन दुर्भाग्य से देश में बार-बार हो रहे पेपर लीक जैसे घोटालों को रोकने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रही है।

  • सोशल मीडिया पर अपनी एक पोस्ट के जरिए राहुल गांधी ने सरकार पर छात्रों के प्रति क्रूर और अमानवीय व्यवहार करने का गंभीर आरोप भी लगाया।

उन्होंने स्पष्ट शब्दों में लिखा कि छात्रों ने तो केवल अपने संवैधानिक अधिकारों की मांग की थी, लेकिन इसके जवाब में सरकार ने उनके खिलाफ दमनकारी कदम उठाए। सरकार पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा, 'मोदी जी, आप सब कुछ बंद कर सकते हैं; मेट्रो, सड़कें, इंटरनेट—लेकिन एक चीज कभी नहीं रोक पाए, और वह है पेपर लीक।'

प्रदर्शन के दौरान हिंसक झड़पें, पुलिसकर्मी और छात्र हुए घायल

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में हुए इन व्यापक विरोध प्रदर्शनों के दौरान स्थिति उस वक्त बेहद तनावपूर्ण हो गई जब प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच तीखी झड़पें हुईं।

  • इन हिंसक टकरावों और झड़पों में 118 से अधिक पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी शामिल हैं।

  • इसके साथ ही, इस पूरी घटना में लगभग 60 प्रदर्शनकारी छात्रों के भी घायल होने की आधिकारिक सूचना सामने आई है, जिसने इस पूरे राजनीतिक और सामाजिक घटनाक्रम को और अधिक गर्मा दिया है।