दिल्ली में हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा, 45 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की शुरुआत

नई दिल्ली। देश की राजधानी के नागरिकों को उनके घर के बिल्कुल समीप उत्कृष्ट और निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में दिल्ली सरकार ने एक और बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने शकूरपुर क्षेत्र से 45 नए 'आयुष्मान आरोग्य मंदिरों' का विधिवत उद्घाटन कर जनता को समर्पित किया। इस नई और जनकल्याणकारी पहल के साथ ही दिल्ली सरकार ने हर नागरिक तक उच्च स्तरीय और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधाएं सुगमता से पहुँचाने की अपनी प्रतिबद्धता को एक बार फिर से दोहराया है।

प्राथमिक स्वास्थ्य ढांचे में बड़ा विस्तार

इन 45 नए अत्याधुनिक केंद्रों के उद्घाटन के बाद, पूरी राजधानी में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने वाले आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की कुल संख्या अब बढ़कर 415 के पार पहुँच गई है। दिल्ली सरकार संपूर्ण राज्यभर में स्वास्थ्य ढांचे को और अधिक सुदृढ़ तथा जन-उपयोगी बनाने के उद्देश्य से 1,100 से अधिक ऐसे केंद्र स्थापित करने के अपने बड़े और महत्वाकांक्षी लक्ष्य की ओर बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है ताकि किसी भी नागरिक को इलाज के लिए दूर न जाना पड़े।

आम जनता को घर के पास मिलेगी राहत

सरकार द्वारा उठाए गए इस कदम का सबसे बड़ा लाभ स्थानीय और मध्यमवर्गीय परिवारों को मिलेगा, जिन्हें छोटी-मोटी बीमारियों के इलाज और नियमित जांच के लिए बड़े अस्पतालों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। इन केंद्रों के माध्यम से मोहल्ला स्तर पर ही योग्य डॉक्टरों की देखरेख में मरीजों को परामर्श और दवाइयां बिल्कुल मुफ्त दी जा रही हैं। इस व्यवस्था से बड़े सरकारी अस्पतालों में लगने वाली मरीजों की भारी भीड़ और दबाव को कम करने में भी काफी मदद मिल रही है।

गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा के लिए नई तकनीक

नए आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में आधुनिक चिकित्सा उपकरणों और बुनियादी सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है ताकि जांच रिपोर्ट पूरी तरह से सटीक और विश्वसनीय हो। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इन केंद्रों में केवल अनुभवी चिकित्सा स्टाफ की ही तैनाती की जा रही है जो मरीजों की देखभाल के लिए पूरी तरह तत्पर रहेंगे। सरकार का मुख्य फोकस इस बात पर है कि गरीब से गरीब व्यक्ति को भी बिना किसी आर्थिक बोझ के विश्वस्तरीय प्राथमिक उपचार मिल सके।