बेंगलुरु: कर्नाटक के राजनीतिक इतिहास में एक नया अध्याय शुरू हो गया है। सूबे में सत्ता परिवर्तन के बाद कांग्रेस के संकटमोचक माने जाने वाले कद्दावर नेता डी.के. शिवकुमार ने आखिरकार कर्नाटक के नए मुख्यमंत्री के रूप में पद और गोपनीयता की शपथ ले ली है। भव्य राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम्' की गूंज के साथ इस ऐतिहासिक शपथ ग्रहण समारोह का शंखनाद हुआ। पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के इस्तीफे के बाद अब राज्य की कमान पूरी तरह से शिवकुमार के हाथों में आ गई है। वहीं, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व गृह मंत्री जी. परमेश्वर ने उपमुख्यमंत्री (डिप्टी सीएम) के रूप में शपथ ग्रहण की। राजभवन में आयोजित एक गरिमामय समारोह में राज्यपाल ने दोनों शीर्ष नेताओं को पद की शपथ दिलाई।
सिद्धारमैया के बेटे सहित 12 विधायकों ने ली मंत्री पद की शपथ
मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के इस मुख्य शपथ ग्रहण के साथ ही कर्नाटक कैबिनेट (मंत्रिपरिषद) का पहला विस्तार भी कर दिया गया है। समारोह में राज्य के 12 अन्य दिग्गज कांग्रेस नेताओं को भी मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। मंत्रियों की इस नई सूची में पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे डॉ. यतींद्र सिद्धारमैया का नाम भी शामिल है, जिन्हें कैबिनेट में अहम जिम्मेदारी दी जा रही है। गौरतलब है कि लंबी राजनीतिक खींचतान और आपसी सहमति के बाद सिद्धारमैया ने बीती 28 मई 2026 को मुख्यमंत्री पद से अपना आधिकारिक इस्तीफा सौंप दिया था।
बेंगलुरु पहुंचे राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे, भव्य स्वागत
इस हाई-प्रोफाइल शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में विपक्ष के नेता व कांग्रेस सांसद राहुल गांधी विशेष चार्टर्ड प्लेन से बेंगलुरु पहुंचे। हवाई अड्डे पर पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, नए सीएम डी.के. शिवकुमार और जी. परमेश्वर ने शीर्ष नेतृत्व का गुलदस्ता भेंट कर भव्य स्वागत किया। इसके बाद सभी वरिष्ठ नेता एक साथ कार्यक्रम स्थल (लोक भवन) के लिए रवाना हुए। विपक्ष के कई अन्य राष्ट्रीय स्तर के नेताओं की मौजूदगी ने इस समारोह को विपक्षी एकजुटता के एक बड़े मंच के रूप में तब्दील कर दिया।
शपथ लेने से पहले मां के पैर छूकर हुए भावुक, लिया देवेगौड़ा का आशीर्वाद
अपने जीवन के इस सबसे बड़े और ऐतिहासिक दिन पर डी.के. शिवकुमार के कई बेहद भावुक कर देने वाले पल भी सामने आए:
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मां का आशीर्वाद: राजभवन के लिए निकलने से ठीक पहले डी.के. शिवकुमार ने अपनी पूजनीय माता गौराम्मा के पैर छूकर उनका आशीर्वाद लिया। इस दौरान मां ने भावुक होकर अपने बेटे के सिर पर हाथ रखा। सोशल मीडिया पर इस पारिवारिक पल की तस्वीरें और वीडियो खूब वायरल हो रहे हैं, जिसने जनता का दिल जीत लिया।
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विपक्ष के दिग्गजों से मुलाकात: राजनीतिक सौहार्द की एक अनूठी मिसाल पेश करते हुए कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी (KPCC) के अध्यक्ष डी.के. शिवकुमार शपथ ग्रहण से पहले देश के पूर्व प्रधानमंत्री और जनता दल (सेक्युलर) के सर्वोच्च नेता एच.डी. देवेगौड़ा के बेंगलुरु स्थित निजी आवास पर पहुंचे। शिवकुमार ने देवेगौड़ा के पैर छूकर राज्य को आगे ले जाने के लिए उनका मार्गदर्शन और आशीर्वाद प्राप्त किया।
येदियुरप्पा को खुद फोन कर समारोह में बुलाया
एक कुशल और परिपक्व राजनेता का परिचय देते हुए नवनियुक्त मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सबसे कद्दावर नेता और पूर्व मुख्यमंत्री बी.एस. येदियुरप्पा को खुद फोन करके और आमंत्रण पत्र भेजकर इस शपथ ग्रहण समारोह में विशेष रूप से आमंत्रित किया। शिवकुमार ने येदियुरप्पा के साथ फोन पर काफी देर तक आत्मीय बातचीत भी की और राज्य के विकास में रचनात्मक विपक्ष की भूमिका निभाने का अनुरोध किया। इस बड़े राजनीतिक बदलाव के बाद अब बेंगलुरु से लेकर नई दिल्ली तक की सियासी नजरें डी.के. शिवकुमार की इस नई कैबिनेट और उनके द्वारा की जाने वाली चुनावी गारंटियों की घोषणाओं पर टिकी हुई हैं।

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