रायपुर : छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप जिले में महिला सशक्तिकरण की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। महिलाओं को केन्द्र में रखकर संचालित की जा रही विभिन्न योजनाओं का परिणाम है कि आज सूरजपुर जिले के सिलफिली गांव की मालती विश्वास ने न केवल स्वयं को आत्मनिर्भर बनाया, बल्कि 14 अन्य महिलाओं को भी रोजगार का अवसर प्रदान कर पूरे क्षेत्र में प्रेरणा की एक नई मिसाल कायम की है। आज वे ‘लखपति दीदी‘ के रूप में पहचानी जाती हैं।
घर की चारदीवारी से उद्यमिता तक का सफर:-
एक समय था जब मालती विश्वास भी सामान्य ग्रामीण महिलाओं की भांति घर तक सीमित थी और आर्थिक रूप से दूसरों पर निर्भर थीं। परंतु आज उनकी पहचान एक सफल उद्यमी के रूप में स्थापित हो चुकी है। उनकी यह यात्रा संघर्ष, सीख और आत्मविश्वास का प्रतीक बन गई है।
मालती बताती हैं कि उन्हें बचपन से ही सिलाई का शौक था और वे घर पर छोटे-मोटे सिलाई कार्य कर थोड़ी बहुत आमदनी कर लिया करती थीं। इसी दौरान गांव की अन्य महिलाओं एवं उनकी माँ ने उन्हें महिला स्व-सहायता समूह से जुड़ने की सलाह दी। माँ ने समझाया कि समूह से जुड़ने पर न केवल सरकारी योजनाओं की जानकारी मिलती है, बल्कि आर्थिक सहयोग भी प्राप्त होता है।
माँ की प्रेरणा से बदली जिंदगी की दिशा:-
माँ की प्रेरणा से वर्ष 2018 में मालती ने स्वयं सहायता समूह की सदस्यता ग्रहण कर अपने जीवन की नई शुरुआत की। शुरुआत में उन्होंने समूह की गतिविधियों को समझा और धीरे-धीरे आत्मविश्वास अर्जित करते हुए समूह से 1 लाख रुपए का प्रथम ऋण लेकर बुटीक व्यवसाय की नींव रखी।
विस्तार और नई ऊंचाइयाँ:-
व्यवसाय के प्रति समर्पण एवं ग्राहकों की बढ़ती संख्या को देखते हुए मालती ने हिम्मत का परिचय देते हुए 5 लाख रुपए का द्वितीय ऋण लिया। इस पूंजी से उन्होंने बुटीक के साथ-साथ श्रृंगार सामग्री एवं कपड़ों के व्यापार का भी विस्तार किया और अपने उद्यम को एक सुदृढ़ आधार प्रदान किया।
14 महिलाओं को दिया रोजगार का अवसर:-
आज मालती विश्वास का व्यवसाय सफलतापूर्वक संचालित हो रहा है और उनके साथ 14 अन्य महिलाएं भी जुड़कर रोजगार प्राप्त कर रही हैं। ये महिलाएं सिलाई, कढ़ाई एवं अन्य कार्यों के माध्यम से अपनी आय बढ़ाते हुए अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ बना रही हैं। मालती कहती हैं कि समूह से जुड़ने के बाद उनके जीवन में आमूल-चूल परिवर्तन आया है और अब वे प्रतिवर्ष लाखों रुपए की आमदनी कर रही हैं।
सरकार की योजनाओं को दिया सफलता का श्रेय:-
मालती विश्वास अपनी इस उपलब्धि का श्रेय सरकार की योजनाओं एवं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को देती हैं। उनका मानना है कि यदि सही मार्गदर्शन एवं अवसर मिले तो ग्रामीण महिलाएं भी किसी से कम नहीं हैं। आज सिलफिली गांव की यह ‘लखपति दीदी‘ पूरे क्षेत्र में महिला सशक्तिकरण एवं आत्मनिर्भरता का जीवंत प्रतीक बन चुकी हैं।

More Stories
हौसलों को मिला सहारा, दिव्यांगजनों की बदली जिंदगी
सशक्त नारी, विकसित प्रदेशः ‘बिहान’ से आत्मनिर्भरता की नई मिसाल बनीं सकीना
मुंबई में आयोजित वर्ड पावर चैंपियनशिप 2026 में छठवां स्थान हासिल किया छात्र रोशन निषाद ने