कलेक्टर कुणाल दुदावत ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं, हर संभव मदद का दिया भरोसा

 

कोरबा जिले के अंतिम छोर पर बसे ग्राम नकिया में कलेक्टर कुणाल दुदावत पीवीटीजी ग्रामीणों के बीच पहुंचे। ग्रामीणों की उत्सुक निगाहें कलेक्टर सहित अन्य अधिकारियों पर टिकी थीं। इस दौरान कलेक्टर ने ग्रामीणों के बीच पहुंचकर सहजता से कहा, 'मैं कलेक्टर हूं, आप मुझे पहचानते हैं न, मैं आपकी समस्याएं सुनने आया हूं। आपका गांव बहुत सुंदर है। राशन मिल रहा है न? महतारी वंदन योजना की राशि खाते में आ रही है न? आप लोग बताइए, आपके गाँव में क्या चाहिए?'आम के पेड़ के नीचे खाट पर बैठकर कलेक्टर दुदावत ने कोरबा विकासखंड के सुदूरवर्ती ग्राम लेमरू, नकिया और श्यांग क्षेत्र का दौरा कर शासन की विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी ली। ग्राम नकिया में उन्होंने पीवीटीजी परिवारों और ग्रामीणों के बीच दोपहर में चौपाल लगाकर उनकी समस्याएँ सुनीं और समाधान का भरोसा दिलाया।ग्रामीणों ने बाजार शेड निर्माण, आश्रित ग्राम कोतरा डांड़ तक सड़क, ग्राम खराखेत पारा में स्कूल भवन, आंगनबाड़ी, नकिया में विद्युतीकरण, पीएम आवास सहित अन्य कई मांगें रखीं। कलेक्टर ने इन सभी मांगों का परीक्षण कर यथासंभव शीघ्र पूरा करने का भरोसा दिया
कलेक्टर ने ग्रामीणों को खेती-किसानी के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि बोर के माध्यम से पानी की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। इसके लिए कृषि विज्ञान केंद्र के अधिकारी गाँव के किसानों को प्रशिक्षण देंगे। उन्होंने कृषि अधिकारी को केवीके के माध्यम से किसानों को प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने ग्रामीणों को यह भी बताया कि विगत माह फरवरी में कुछ स्थानों पर चावल वितरण नहीं हो पाया था, इसलिए मार्च में राशन दुकानों से फरवरी माह का चावल भी उपलब्ध कराया जाएगा।कलेक्टर कुणाल दुदावत ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेमरू का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एस. एन. केशरी को निर्देशित किया कि अस्पताल में रक्त जांच के लिए लैब टेक्नीशियन की नियुक्ति शीघ्र सुनिश्चित की जाए।