लाहौर। पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में अहमदिया समुदाय के डॉक्टर शेख महमूद की गोली मारकर हत्या कर दी गई। सरगोधा के एक निजी अस्पताल में 58 वर्षीय डॉक्टर के साथ इस वारदात को अंजाम दिया गया। एक युवक वहां पहुंचा और गोलीबारी करने लगा।
उसने स्वच्छ पंजाब कार्यक्रम के कर्मचारी की वर्दी पहन रखी थी। वारदात को अंजाम देकर हमलावर मौके से फरार हो गया। पुलिस का मानना है कि इस हत्याकांड को उनके अहमदिया समुदाय से जुड़े होने के कारण अंजाम दिया गया।
तहरीक-ए-लब्बैक पर हत्या का शक
यह पिछले दो महीनों में पंजाब में अहमदिया समुदाय से तीसरी हत्या है। जमात-ए-अहमदिया पाकिस्तान (जेएपी) ने संदेह जताया कि डॉक्टर शेख महमूद की हत्या के पीछे तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (टीएलपी) का हाथ हो सकता है।
रिपोर्ट के अनुसार, सरगोधा अहमदिया विरोधी गतिविधियों का गढ़ रहा है। डॉ महमूद को चरमपंथियों की ओर से धमकियां मिलती थीं। टीएलपी के दबाव में आकर उन्हें सरकारी नौकरी छोड़नी पड़ी थी। अब जेएपी ने सरकार से अहमदिया समुदाय की सुरक्षा की मांग की है।
डॉ. महमूद के घर उनकी पत्नी, दो बेटियों और दो बेटें हैं। मानवाधिकार समूहों ने इस हत्याकांड को लेकर कड़ी नाराजगी जताई और त्वरित जांच की मांग की है।

More Stories
ईरान युद्ध में अमेरिका की बढ़ती मुश्किलें, मिसाइल भंडार घटे; कमांडरों ने दी सतर्क रहने की सलाह
कुमामोटो दहला, भूकंप के बाद सुनामी अलर्ट जारी; प्रशासन हाई अलर्ट पर
जापान सरकार के फैसले पर बहस तेज, पुरुषों के शॉर्ट्स पहनने को लेकर ऑफिस में उठे सवाल